भारत की संस्कृति के लिए... भाषा की उन्नति के लिए... साहित्य के प्रसार के लिए
कविता कोश विशेष क्यों है?
कविता कोश परिवार
Roman

अगर / अरविंद बख्शी

Kavita Kosh से
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज

अगर उन्हें आवाज मिले तो
क्या बोलेंगे फूल,
सबसे पहले वह बोलेंगे
हमें तोड़ना भूल।

अगर उन्हें उड़ना आ जाता
काँटा क्या कर पाते,
मधुमक्खी सा डंक चुभोकर
सबको मज़ा चखाते।

अगर भागना उनको आता
पौधे ये कर जाते,
आता हुआ देख दुश्मन को
झट से रेस लगाते।