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ऑपरेशन थिएटर में ले जाने से पहले / विजय चोरमारे / टीकम शेखावत

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हो गई है तैयारी शुरू
ऑपरेशन थिएटर में
और तुम्हारा जी घबरा रहा है
तैंतीस कोटी देवों की भीड़ है तुम्हारे मन में

तुम्हारा हाथ हैं मेरे हाथो में
कौन किसे दे रहा है सम्बल?
कुछ भी समझ नहीं आता
स्ट्रेचर पर अन्दर ले जाते वक़्त
तुम्हारी नज़रों में है व्याकुलता
जैसे मैं ही हूँ करता धर्ता
तुम्हे पुनर्जन्म देने वाला

अब तुम हो गई हो मेरी बेटी
और मैं तुम्हारी माँ
रिश्तों की अदल-बदल कुछ क्षणों के लिए
माँ की माँ होने का भाग्य-वेदना के साथ

आँखों में हैं गहरे समुद्र का उफ़ान
जकड़ कर रखा है ज़िन्दगी की ज़द्दोजहत ने
ऑपरेशन थिएटर में ले जाने से पहले!

मूल मराठी से अनुवाद — टीकम शेखावत