भारत की संस्कृति के लिए... भाषा की उन्नति के लिए... साहित्य के प्रसार के लिए
लोक संगीत
कविता कोश विशेष क्यों है?
कविता कोश परिवार

मधु माय डो मधु माय डो धरती तमाशो डोगे भाई रे / कोरकू

Kavita Kosh से
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज

   ♦   रचनाकार: अज्ञात

मधु माय डो मधु माय डो धरती तमाशो डोगे भाई रे
मधु माय डो मधु माय डो धरती तमाशो डोगे भाई रे
मधु माय डो मधु मायनी बारह डो बारह चौबीसो
मधु माय डो मधु मायनी बारह डो बारह चौबीसो
घंटा धरती तमशो डोगे भाई रे
घंटा धरती तमशो डोगे भाई रे
आजुमे भगवान आजुमे भगवान धरती तमाशो डो डो डो
आजुमे भगवान आजुमे भगवान धरती तमाशो डो डो डो
इयां ऊमर पकायेन भाई रे
इयां ऊमर पकायेन भाई रे
मधु माय डो मधु माय डो धरती डो पताला तमाशो डो डो डो
मधु माय डो मधु माय डो धरती डो पताला तमाशो डो डो डो
इयां ऊमर बिताय भाई रे
इयां ऊमर बिताय भाई रे
मधु माय डो मधु माय डो आकाव डीडोम नी नूटेन
मधु माय डो मधु माय डो आकाव डीडोम नी नूटेन
नी समय बितावेन भाई रे
नी समय बितावेन भाई रे
अजुमे भगवान अजुमे भगवान आयोम डो बा बाने भाई रे
अजुमे भगवान अजुमे भगवान आयोम डो बा बाने भाई रे
मधु माय डो मधु माय डो बाड़ा नी टाला चीचानी
मधु माय डो मधु माय डो बाड़ा नी टाला चीचानी
बोहरा पेढ़नावन भाई रे
बोहरा पेढ़नावन भाई रे
आजुमे भगवान अजुमे भगवान पूरी पन्सी नी भुरा भाई रे
आजुमे भगवान अजुमे भगवान पूरी पन्सी नी भुरा भाई रे

स्रोत व्यक्ति - चूड़ामन, लक्ष्मण पर्ते, ग्राम - जामनिया कलां