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/* ग़ज़लें */
* [[मंज़र भला था फिर भी नज़र को बुरा लगा / नवाज़ देवबंदी]]
* [[वहाँ कैसे कोई दिया जले, जहाँ दूर तक हवा न हो / नवाज़ देवबंदी]]
* [[मंज़िल पे न पहुंचे उसे रस्ता नहीं कहते / नवाज़ देवबंदी]]
* [[जलते घर को देखने वालों फूस का छप्पर आपका है / नवाज़ देवबंदी]]