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शरशय्या / दोसर सर्ग / भाग 6 / बुद्धिधारी सिंह 'रमाकर'

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सत्यवती-सुत राजा नहिनहिं,
घोषित कएल कुमार।
मारक भय नहि पहिल वचन धए
रहला जन्मकुमार।।24।।

भए सेनापति हुनक राज्यमे
क्षत्रिय गुनि निज गर्व।
राखल सब विधि रक्षित शासन
शशिकुलपूरनपर्व।।24।।