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/* कुछ प्रतिनिधि ग़ज़लें */
* [[हर हुनर हासिल किया दिल में उतरने के सिवा / रवि सिन्हा]]
* [[हाफ़िज़ा-ए-ज़िन्दगी है ज़िन्दगी से पेशतर / रवि सिन्हा]]
* [[ख़ला में ख़ाक के ज़र्रे फ़साद करते हैं / रवि सिन्हा]]