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किसान भैया / राजकुमार

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धरती रोॅ तोंहीं भगवान, हो किसान,
भैया तइयो नाहीं, तोरोॅ लेली मुसुकान।
भैया तइयो नाहीं...

तोहीं छौॅ महान्, देश-देश रोॅ गुमान,
भैया तइयो नाहीं, तोरोॅ मोल रोॅ बखान।
भैया तइयो नाहीं...

तोहें जों जगै छौ, जगै, सगरे बिहान,
भैया तइयो नाहीं, पुर्हौं तोरोॅ अरमान।
भैया तइयो नाहीं...

तोहरे से धन-धान्य, खेत-खलिहान,
भैया तइयो नाहीं, तोरा लेली-सुरुज-चान।
भैया तइयो नाहीं...

शीत-घम झोॅर सही, दै छौ तोहीं त्रान,
भैया तइयो नाहीं, तोरा लेली गुनगान।
भैया तइयो नाहीं...

करजा-गोआमें लै छौं, खने-खने प्रान,
भैया तइयो नाहीं, तोरा लेली असमान।
भैया तइयो नाहीं....