भरा पुरा मैं
जैसे
चित्र सजी दालानें।
बचपन के
सँगी साथी अर्थ-बोध
रह रह कर मुझे टेरते,
नदी किनारे
वन-वृक्षों के तले
खेल के लिए घेरते;
संत्रासों की कथा सुनें
या इनका कहना मानें।
भरा पुरा मैं
जैसे
चित्र सजी दालानें।
बचपन के
सँगी साथी अर्थ-बोध
रह रह कर मुझे टेरते,
नदी किनारे
वन-वृक्षों के तले
खेल के लिए घेरते;
संत्रासों की कथा सुनें
या इनका कहना मानें।