बू-ए-गुल, रंगे-हिना, कुछ भी नहीं
वादा-शिकवा, हाँ कि ना, कुछ भी नहीं
तू नहीं तो जमाने में क्या रखा
जिंदगी तेरे बिना, कुछ भी नहीं
बू-ए-गुल, रंगे-हिना, कुछ भी नहीं
वादा-शिकवा, हाँ कि ना, कुछ भी नहीं
तू नहीं तो जमाने में क्या रखा
जिंदगी तेरे बिना, कुछ भी नहीं