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बेटी रा बाप / राजू सारसर ‘राज’

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आज
लागै थानैं गाळ
पण
उण दिन
अक्कल ठिकाणैं
आ जासी
अैक बहू सारू
ठौड ठौड
गोता खासी
लोकां साम्हीं
झोळी पसारसी
थानै ठाह है’कै’नीं
आंवती सदी में
आधा मरद
कुंवारा मर जासी।
सिस्टी रो
विकास ई थम जासी।
बेटी रा बाप !