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भुखमरी, बेरोज़गारी, तस्करी के एहतिमाम / अदम गोंडवी

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भुखमरी, बेरोज़गारी, तस्करी के एहतिमाम[1]
सन् सतासी नज़्र[2] कर दें मज़हबी दंगों के नाम ।

दोस्त ! मलियाना[3] में जाके देखिए,
दो क़दम 'हिटलर' से आगे है ये जम्हूरी निज़ाम[4]

है इधर फ़ाक़ाकशी से रात का कटना मुहाल,
रक्स करती है उधर स्कॉच की बोतल में शाम ।

बम उगाएँगे 'अदम' देहकान[5] गंदुम[6] के एवज़,
आप पहुँचा दें हुकूमत तक हमारा ये पयाम ।

शब्दार्थ
  1. देखरेख, निगरानी
  2. भेंट, तोहफ़ा, अर्पित
  3. मेरठ के पास एक जगह, जहाँ पी०ए०सी० ने मुस्लिमों का क़त्लेआम किया था
  4. लोकतान्त्रिक व्यवस्था
  5. किसान
  6. गेहूँ