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मोती बेराणा चंदन चौक में हो राज / मालवी

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   ♦   रचनाकार: अज्ञात

मोती बेराणा चंदन चौक में हो राज
केसे सोरूँ ने कसे संकचूं हो राज
किनि विधि करूँ हो जुवाब म्हारा राज
मोती बेराणा जी चंदन चौक में हो राज
चिमटी बीणूं, ने पस मां सांकचूं
नैना ने करूँगी जुवाब म्हारा राज
मोती बेराणा हो चंदन चौक में हो राज