भारत की संस्कृति के लिए... भाषा की उन्नति के लिए... साहित्य के प्रसार के लिए
लोक संगीत
कविता कोश विशेष क्यों है?
कविता कोश परिवार

सत्यनारायण सोनी / परिचय

Kavita Kosh से
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज

जलम- १० मार्च, १९६९ नै हनुमानगढ़ जिलै रै परळीकै गांव में।
बापजी- श्री चुन्नीलाल सोनी
मांजी- श्रीमती कमला देवी
भणाई- एम.ए. (हिन्दी, राजस्थानी), बी.एड., 'लोकजीवन एवं राजस्थानी उपन्यास' पर शोध
प्रकाशित पोथ्यां- घमसाण (राजस्थानी कहाणी संग्रह) १९९५, पेडों का पालनहार 'लादू दादा', पैसों का पेड़, रंग बिरंगे फूल खिले
पुरस्कार- 'घमसाण' सारू-
१. मारवाड़ी सम्मेलन, मुम्बई का स्व. घनश्याम दास सराफ सर्वोत्तम राजस्थान साहित्य पुरस्कार- १९९७
२. ज्ञान भारती, कोटा का स्व. गोरीशंकर 'कमलेश' राजस्थानी साहित्य पुरस्कार- १९९७
३. राजस्थानी भाशा, साहित्य एवं संस्कति अकादमी, बीकानेर रो पैली पोथी पुरस्कार- १९९७

सम्मान- ग्राम पंचायत- परलीका, मित्रमंडल- परलीका, राजस्थान साहित्य परिसद- हनुमानगढ़, सूरतगढ़ टाइम्स- सूरतगढ़

सम्प्रति- राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय- परलीका(हनुमानगढ़) में प्राध्यापक(हिन्दी)।
कानाबाती- ९६०२४-१२१२४