भारत की संस्कृति के लिए... भाषा की उन्नति के लिए... साहित्य के प्रसार के लिए
लोक संगीत
कविता कोश विशेष क्यों है?
कविता कोश परिवार

सीतल महल महा, सीतल पटीर पंक / देव

Kavita Kosh से
यहाँ जाएँ: भ्रमण, खोज

सीतल महल महा, सीतल पटीर पंक,
सीतल कै लीपि भीत, छीत-छात दहरें ।
सीतल सलिल भरे, सीतल विमल कुंड,
सीतल अमल जल-तंत्र-धारा छहरें ॥
सीतल बिछौनन पै, सीतल बिछाई सेज,
सीतल दुकॊल पैन्हि पौढ़े हैं दुपहरें ।
देव दोऊ सीतल अलिंगनन लेत-देत,
सीतल सुगंध मंद मारुत की लहरें ॥